महिला के जनधन खाते में आए 99 करोड़, पीएम को शिकायती पत्र भेजकर मांगी मदद

मेरठ। मैनपुरी की महिला कांस्टेबल के बाद अब मेरठ की एक महिला के खाते में 99 करोड़ रुपये आ गए हैं। माधवपुरम सेक्टर-एक, निवासी एक महिला के जनधन खाते में 99 करोड़ से ज्यादा की धनराशि आने के बाद परिजनों की नींद उड़ गई। परिजनों ने बैंक जाकर जानकारी चाही लेकिन कोई मदद नहीं मिली तो परिजनों ने प्रधानमंत्री व इनकम टैक्स विभाग और बैंक की मुख्य शाखा में ईमेल और शिकायती पत्र भेज कर मामले की जांच कर मदद मांगी है।

मात्र 600 रूपए की धनराशि बची थी खाते में

प्राप्त जानकारी के अनुसार, माधवपुरम सेक्टर-एक में जिलेदार सिंह यादव का परिवार रहता है। जिलेदार सिंह यादव एक निजी कारखाने में काम कर अपने परिवार का भरण-पोषण करता है। उसने बताया कि उसकी पत्नी शीतल गृहणी है। उसने सन् 2015 में शारदा रोड स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की शाखा में अपनी पत्नी के नाम से जनधन खाता खुलवाया था। उसके अनुसार उस खाते में अंतिम लेनदेन फरवरी 2016 में हुआ था। तब उसके खाते में 600 रुपये मात्र की धनराशि ही बची थी।

इतनी बड़ी धनराशि देख महिला के उड़े होश

दिसम्बर माह की 18 तारीख को उसके मोहल्ले में किसी अन्य युवक के खाते में अचानक से दस हजार रुपये की रकम आ गई थी तो जिज्ञासावश उसकी पत्नी शीतल ने एटीएम में जाकर अपना बैंलेंस चेक किया तो उसके बैंक खाते में 99 करोड़ 99 लाख 39 रुपये की एंट्री निकली। इतनी बड़ी धनराशि की एंट्री देख महिला के होश उड़ गए और घर आकर उसने घटना अपने पति जिलेदार को बतायी। जिलेदार ने कई एटीम पर जाकर एंट्री निकाली तो पता चला उसकी पत्नी का कहना सही था।

पीएम, इनकम टैक्स को भेजा शिकायती पत्र

उसने यह बात अपने दोस्तों को बतायी तो दोस्तों की सलाह पर जिलेदार सिंह पासबुक लेकर 20 दिसम्बर को अपनी बैंक की शाखा पर गया जहां मामला समझ कर बैंककर्मियों ने उसकी पासबुक में कोई एंट्री नहीं की और न हा ही उसकी कोई मदद की। उसे बताया गया कि बैंक मैनेजर का तबादला हो गया है और जब नए बैंक मैनेजर आएंगे तो आपकी शिकायत पर गौर किया जाएगा। उसके बाद वह कई अपने बैंक की शाखा पर गया लेकिन मामला शून्य ही रहा। थक-हारकर उसने प्रधानमंत्री, इनकम टैक्स विभाग और स्टेट बैंक की मुख्य शाखा को ईमेल व शिकायती पत्र भेज कर मामले से अवगत कराया है। नोटबंदी के माहौल में उसे डर है कि कहीं उसका परिवार किसी षड्यंत्र का शिकार न हो जाए।

इससे पहले भी देखे गए कई मामले

किसी दूसरे के खातों में पैसे जमा कराने की यह पहली घटना नहीं है बल्कि इससे पहले भी नोटबंदी के बाद हज़ारों लोगों के खाते में चोरी छिपे करोड़ों-अरबों रुपये जमा कराए गए। अभी हाल ही में मैनपुरी की एक महिला कांस्टेबल के खाते में 99 करोड़, 99 लाख, 97 हज़ार, 707 रुपए, 58 पैसे जमा हुए थे। महिला कांस्टेबल ने भी फैक्स के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को शिकायती पत्र भेज था।