पाकिस्तान के मुर्री त्रासदी मामले में रावलपिंडी कमिश्नर समेत 15 अधिकारी बर्खास्त


इस्लामाबाद, पाकिस्तान के मुर्री बर्फबारी त्रासदी की जांच समिति की सिफारिशों के अनुरूप पंद्रह अधिकारियों को उनके पदों से हटा दिया गया है। पाकिस्तान टुडे के मुताबिक पंजाब के मुख्यमंत्री उस्मान बुजदार ने बुधवार को कहा कि बर्फबारी त्रासदी के मद्देनजर 15 अधिकारियों को उनके पदों से हटा दिया गया है। गौरतलब है कि इसी महीने की शुरुआत में मुर्री में एक बर्फीले तूफान में कारों के फंसने से कम से कम 23 लोगों की जान चली गई थी। बता दें कि इस हादसे में सुरक्षा बलों ने एक हजार से अधिक पर्यटकों को प्रभावित क्षेत्र से निकाला था।

प्रशासनिक लापरवाही के कारण हुई थी त्रासदी

एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री बुजदार ने कहा कि जिन अधिकारियों को उनके पदों से हटाया गया है उनमें रावलपिंडी कमिश्नर भी शामिल हैं। सूत्रों का हवाला देते हुए, जियो न्यूज ने बताया कि एक जांच समिति की रिपोर्ट से पता चलता है कि प्रशासनिक लापरवाही के कारण पाकिस्तान में हाल ही में यह त्रासदी हुई है। इस त्रासदी की जांच के लिए सरकार द्वारा गठित पांच सदस्यों वाली जांच समिति ने 16 जनवरी को अपनी जांच पूरी कर ली थी जिसमें खुलासा किया गया है कि यह घटना प्रशासनिक लापरवाही के कारण हुई है।

कर्मचारी ड्यूटी से थे अनुपस्थित

रिपोर्ट में पाया गया कि घटना के दिन, एक ही स्थान पर कई बर्फ के ढेर खड़े थे, जिससे सड़क अवरुद्ध हो गई। जांच समिति ने विश्लेषण किया है कि प्रशासनिक कर्मचारी ड्यूटी से अनुपस्थित थे, जबकि मौसम विभाग की ओर से बर्फानी तूफान की चेतावनी दी गई थी, जिसकी स्पष्ट रूप से उपेक्षा की गई। जियो न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, 8 जनवरी को कारों में फंसने के दौरान कार्बन मोनोऑक्साइड विषाक्तता के कारण 23 लोगों की मौत हो गई थी, क्योंकि मुर्री में हजारों पर्यटक भारी बर्फबारी के कारण फंस गए थे।