दिल्ली में ‘सेहत’ योजना के तहत आज से दवाओं की होम डिलीवरी होगी शुरू, जानिए….

रक्षा मंत्रालय एक नई पहल के तहत ऑनलाइन मेडिकल कंसल्टेशन प्लैटफॉर्म के माध्यम से दिल्ली में स्वास्थ्य सेवाएं लेने वाले रिटायर्ड सैनिकों और सेवारत सैन्य कर्मियों के लिए मंगलवार को दवाओं की ‘होम डिलीवरी’ शुरू करेगा।

मंत्रालय ने कहा कि सर्विसेज ई-हेल्थ असिस्टेंस एंड टेलीकंसल्टेशन (सेहत) योजना (SeHAT scheme) के तहत दवाओं की ‘होम डिलीवरी’ दिल्ली छावनी के बेस अस्पताल से शुरू की जाएगी और इस योजना को भविष्य में अधिक से अधिक केंद्रों तक बढ़ाया जाएगा।

मंत्रालय ने कहा कि यह एक त्रि-सेवा टेलीकंसल्टेशन सेवा है जिसे ‘सभी योग्य कर्मियों’ और उनके परिवारों के लिए तैयार किया गया है। बयान में कहा गया पिछले साल मई में इस सेवा की शुरुआत की गई थी।

मंत्रालय ने कहा कि खासकर ऐसे समय में जब देश कोविड-19 से लड़ रहा है यह नई पहल का एक बड़ा उदाहरण है। बयान के मुताबिक, अस्पतालों पर बोझ कम करने के अलावा दूरदराज के इलाकों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं तक व्यापक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए ‘ऑनलाइन आउट पेशेंट प्लैटफॉर्म’ की शुरुआत की गई है। 

मंत्रालय ने कहा कि स्वास्थ्य सेवा को मरीज के दरवाजे तक पहुंचाते हुए रक्षा सचिव अजय कुमार ने सेहत पर परामर्श के लिए मरीजों को होम डिलीवरी या दवाओं की सेल्फ पिकअप प्रदान करने की अनूठी पहल की है। इसमें कहा गया है कि होम डिलीवरी या दवाओं के सेल्फ पिकअप के इच्छुक व्यक्ति प्लैटफॉर्म पर लॉग इन करते समय अपनी पसंद का संकेत दे सकते हैं।

मंत्रालय ने कहा कि शुरुआत में होम डिलीवरी की यह परियोजना 1 फरवरी से बेस अस्पताल, दिल्ली कैंट से शुरू की जाएगी और आने वाले समय में इसे अधिक से अधिक केंद्रों तक बढ़ाया जाएगा। सेहत योजना के तहत मेडिकल कंसल्टेशन वीडियो, ऑडियो और ऑनलाइन चैट के माध्यम से होता है। इसका उद्देश्य मरीजों को उनके घरों में आराम से गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है। अस्पताल में एक डॉक्टर और देश में कहीं भी अपने घर की सीमा के भीतर एक मरीज के बीच सुरक्षित और संरचित वीडियो-आधारित ​परामर्श सक्षम किया गया है।

इसने कहा कि उपयोगकर्ताओं को टेलीकंसल्टेशन लेने के लिए कुछ भी भुगतान करने की आवश्यकता नहीं है और केवल sehatopd.gov.in पर जाकर या Google Play Store और अन्य ऐप स्टोर पर उपलब्ध सेहत ऐप का उपयोग करके सेवाओं का उपयोग कर सकते हैं। मंत्रालय ने कहा कि इसकी शुरुआत के बाद से 2000 से अधिक डॉक्टरों की एक मजबूत टीम के साथ सेहत पर 10,000 से अधिक सफल टेलीकंसल्टेशन हुए हैं।