‘किस पार्टी का किसके साथ होना था विलय’? सुनील तटकरे ने शरद पवार की दावों पर उठाए सवाल

राकांपा (NCP) सांसद सुनील तटकरे ने सोमवार को कहा कि पार्टी ने दिवंगत अजीत पवार की अगुवाई में सामूहिक रूप से भाजपा के नेतृत्व वाले राजग में शामिल होने का निर्णय लिया था। हम यहीं रहेंगे।
उन्होंने कहा कि जो लोग राकांपा के दो गुटों में विलय की बात कर रहे हैं, उन्हें स्पष्ट करना चाहिए कि वे किस पार्टी के साथ विलय के लिए सहमत हैं। किस पार्टी का किस पार्टी के साथ विलय होना था, इस पर स्पष्टता होनी चाहिए।
वह महाराष्ट्र के सतारा जिले के कराड में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। वह महाराष्ट्र की नव नियुक्त उप मुख्यमंत्री और राकांपा नेता सुनेत्रा पवार के साथ थे। विलय के प्रस्तावित मुद्दे पर तटकरे ने कहा कि इस मुद्दे पर न तो उनका और न ही पार्टी के सांसद प्रफुल पटेल का कोई अलग मत है।
अजित दादा के निर्णय को स्वीकृति
अजित दादा के नेतृत्व में हमने भाजपा के नेतृत्व वाले राजग में शामिल होने का सामूहिक निर्णय लिया था। राज्य की जनता ने विधानसभा चुनावों में अजित दादा के निर्णय को स्वीकृति दी है। जो लोग विलय की बात कर रहे हैं, उन्हें यह बताना चाहिए कि क्या वे इसके लिए सहमत हैं।
शरद पवार ने किया था विलय का दावा
राकांपा (शरदचंद्र पवार) प्रमुख शरद पवार ने दावा किया है कि विलय की बातचीत अंतिम चरणों में है। उनके भतीजे अजित पवार ने राकांपा गुटों के बीच विलय की घोषणा के लिए 12 फरवरी की तारीख तय की थी।



