राजस्थानराज्य

शुभ मुहूर्त पर बदला मौसम; अबूझ सावों में ओला-बारिश का साया, मंडप से खलिहान तक चिंता

वसंत पंचमी के अवसर पर आज राजस्थान में अबूझ सावों भी हैं। आज के दिन प्रदेश में हजारों शादियां होती हैं लेकिन शुक्रवार सुबह से ही प्रदेश के कई जिलों में बारिश और ओलावृष्टि ने विवाह आयोजन में खलल डालने का काम किया है। जयपुर में में सुबह से ही लगातार बारिश हो रही है जिससे ठंड का असर भी बढ़ता महसूस हो रहा है। मौसम विभाग के अनुसार राजस्थान में आधी रात से सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश और ओलावृष्टि देखने को मिल रही है। हालांकि मावठ का असर खेती-किसानी के लिए अच्छा माना जाता है लेकिन ओलावृष्टि की चेतावनी ने किसानों के माथे पर परेशानी और चिंता की लकीरें खींच दी है।
गुरुवार को भी पश्चिमी राजस्थान के जैसलमेर और सीकर सहित कई इलाकों में बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने 23 जनवरी को जयपुर समेत 14 जिलों में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि 11 जिलों के लिए येलो अलर्ट घोषित किया गया है।

प्रमुख संभागों में मौसम का सबसे ज्यादा असर
मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ के कारण बीकानेर, शेखावाटी, जयपुर, अजमेर और भरतपुर संभाग में मौसम का असर सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है। आगामी घंटों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए तेज झोंकेदार हवाओं, बिजली चमकने और भारी ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है। जयपुर, अलवर, सीकर, झुंझुनू, करौली, चूरू और हनुमानगढ़ सहित करीब 17 जिलों में लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
शेखावाटी में ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान

बीती रात सीकर के रींगस उपखंड समेत शेखावाटी क्षेत्र के सरगोठ, सिमारला जागीर, महरौली और कोलवा जैसे इलाकों में तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई। ओलों से खेत सफेद चादर की तरह ढक गए। इससे पकने को तैयार जौ, गेहूं और सरसों की फसलों को भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है।

प्रमुख जिलों का न्यूनतम तापमान
मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार अजमेर 11.8, भीलवाड़ा 11.1, अलवर 6.0, जयपुर 12.6, पिलानी 9.7, सीकर 12.0, कोटा 11.6, चित्तौड़गढ़ 11.2, बाड़मेर 13.4, जैसलमेर 11.7, जोधपुर 12.9, माउंट आबू 9.0, फलोदी 13.2, बीकानेर 13.4, चूरू 10.4, श्रीगंगानगर 8.2, नागौर 8.7, जालौर 10.3, सिरोही 9.3, फतेहपुर (सीकर) 8.1, करौली 5.8, दौसा 6.4 और झुंझुनूं में 10.9 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया।

27-28 जनवरी को फिर सक्रिय होगा नया विक्षोभ
फिलहाल मौसम से राहत मिलने के आसार कम हैं। मौसम विभाग के अनुसार 27 और 28 जनवरी के बीच एक और पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिमी भारत में सक्रिय हो सकता है। इसके असर से राज्य में एक बार फिर मावठ की संभावना है, जिससे फरवरी की शुरुआत में भी कड़ाके की ठंड महसूस की जा सकती है।

Related Articles

Back to top button